दिल्ली में 13वां विश्व भोजपुरी सम्मेलन 21-22 मार्च को, भाषा और संस्कृति को मिलेगा वैश्विक मंच
नई दिल्ली। देश की राजधानी नई दिल्ली में एक बार फिर भोजपुरी भाषा और संस्कृति का भव्य उत्सव देखने को मिलेगा। 21 और 22 मार्च 2026 को द्वारका सेक्टर-8 स्थित दादा देव मेला ग्राउंड में 13वें विश्व भोजपुरी सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। यह दो दिवसीय कार्यक्रम न सिर्फ सांस्कृतिक विरासत को संजोने का प्रयास है, बल्कि भोजपुरी भाषा को संवैधानिक मान्यता दिलाने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
सम्मेलन के मुख्य अतिथि के रूप में चिराग पासवान शामिल होंगे। आयोजन की जानकारी देते हुए पूर्वांचल एकता मंच दिल्ली के राष्ट्रीय अध्यक्ष शिवजी सिंह ने बताया कि इस सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य 25 करोड़ से अधिक लोगों द्वारा बोली जाने वाली भोजपुरी भाषा को संविधान की 8वीं अनुसूची में शामिल करवाना है। इसके साथ ही यह मंच दुनियाभर के भोजपुरी भाषियों को एकजुट करने का प्रयास भी करेगा।
कार्यक्रम का औपचारिक उद्घाटन 21 मार्च को शाम 6 बजे मीरा कुमार के कर कमलों से होगा। इस सत्र की अध्यक्षता अश्विनी कुमार चौबे करेंगे। उद्घाटन सत्र में विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े कई प्रमुख नेता, सांसद और गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहेंगे। इसके बाद शाम 7 बजे सांस्कृतिक कार्यक्रम का शुभारंभ चिराग पासवान द्वारा किया जाएगा, जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में आचार्य बालकृष्ण उपस्थित रहेंगे। इस सत्र की अध्यक्षता बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा करेंगे।
पहले दिन के कार्यक्रमों की शुरुआत दोपहर 2 बजे साहित्यिक संगोष्ठी से होगी, जिसका उद्घाटन अजय कुमार सिंह करेंगे। इस संगोष्ठी में मुख्य अतिथि के रूप में वरिष्ठ साहित्यकार गुरुचरण सिंह मौजूद रहेंगे और अध्यक्षता डॉ हरेंद्र सिंह करेंगे। इसके बाद शाम 4 बजे कवि सम्मेलन का आयोजन होगा, जिसमें देश के कई प्रसिद्ध कवि अपनी प्रस्तुतियां देंगे।
सम्मेलन के दूसरे दिन 22 मार्च को दोपहर 12 बजे "दो दला चैता/बटोहिया बैले ग्रुप" की प्रस्तुति विशेष आकर्षण का केंद्र होगी। वहीं शाम 5 बजे सांस्कृतिक कार्यक्रम का उद्घाटन रेखा गुप्ता करेंगी। इस सत्र में मुख्य अतिथि सांसद मनोज तिवारी होंगे, जबकि अध्यक्षता कपिल मिश्रा करेंगे।
सम्मेलन का अंतिम और सबसे खास सत्र रात 8 बजे आयोजित होने वाला भोजपुरी सिनेमा सम्मान समारोह होगा। इस कार्यक्रम का उद्घाटन वीरेंद्र सचदेवा करेंगे और मुख्य अतिथि के रूप में पंकज सिंह उपस्थित रहेंगे। इस सत्र की अध्यक्षता पूर्व सांसद दिनेश लाल यादव निरहुआ करेंगे।
इस पूरे आयोजन में मैथिली-भोजपुरी अकादमी, दिल्ली सरकार की भी महत्वपूर्ण भूमिका है। आयोजन समिति के अन्य प्रमुख सदस्यों में राष्ट्रीय मुख्य संरक्षक चंदन सिंह, संरक्षक हीरा मिश्रा, सरजीत गहलोत, संयोजक मुकेश सिंह, वरिष्ठ उपाध्यक्ष एस.के. दुबे, महासचिव मनोज झा और राकेश मिश्रा तथा कोषाध्यक्ष अमरेंद्र कुमार सिंह शामिल हैं।
यह सम्मेलन न केवल भोजपुरी भाषा के उत्थान का प्रतीक है, बल्कि यह सांस्कृतिक एकता और पहचान को मजबूत करने का भी एक बड़ा प्रयास है। आने वाले समय में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि इस तरह के प्रयासों से भोजपुरी को संवैधानिक मान्यता दिलाने की दिशा में कितनी प्रगति होती है।
